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Covaxin में होता है गाय के बछड़े का खून? कांग्रेस के आरोप पर मचा बवाल, जानिए पूरा मामला

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नई दिल्ली – भारत में बनी कोरोना की स्वेदेशी वैक्सीन कोवैक्सीन विवादों के घेरे में आ गया हैं। भारत बायोटेक द्वारा तैयार की गई कोवैक्सीन को लेकर आरटीआई के जवाब और कांग्रेस में डिजिटल कम्युनिकेशन और सोशल मीडिया के कोऑर्डिनेटर गौरव पांधी के ट्वीट के बाद एक नया बवाल मच गया है। गौरव पांधी ने आरटीआई के जवाब को ट्वीट किया। जिसमें पांधी की ओर से दावा किया गया कि नवजात बछड़े के सीरम का इस्तेमाल COVID-19 वैक्सीन (Calf Serum in vaccine), कोवैक्सीन बनाने में किया जाता है।

आरटीआई से हुआ खुलासा

गौरव पांधी ने बताया कि कोवैक्सीन में बछड़े के सीरम (Calf Serum in vaccine) का इस्तेमाल हुआ है। ये जवाब सेंट्रल ड्रग्स स्टैंडर्ड कंट्रोल ऑर्गेनाइजेशन ने विकास पाटनी नाम के व्यक्ति के आरटीआई पर दिया है। इस पूरे मामले पर कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा ने कहा है कि हम चाहते हैं कि सरकार और भारत बायोटेक आरटीआई में जो जवाब आया है, उसका जवाब दें।

बीजेपी बोली – बछड़े को मारकर वैक्सीन तैयार नहीं किया गया

वहीं इस पूरे मामले में बीजेपी प्रवक्ता संबित पात्रा का कहना है कि भारत में निर्मित कोवैक्सीन को लेकर कांग्रेस ने जो भ्रम फैलाया है वो महापाप है। उन्होंने आरोप लगाया कि कोवैक्सीन में गाय के बछड़े का सीरम/खून होता है।(Calf Serum in vaccine) कांग्रेस ये भ्रम फैला रही है कि गाय के बछड़े को मारकर ये वैक्सीन तैयार किया गया है।

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स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा दशकों से इस्तेमाल होती है यह तकनीक

वहीं स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से जानकारी दी गई कि नवजात बछड़े के सीरम (Calf Serum in vaccine) का उपयोग वेरो सेल के विकास के लिए किया जाता है। वैक्सीन बनाने में दशकों से इस्तेमाल की जाने वाली यह तकनीक है। फाइनल कोवैक्सिन डोज में सीरम का इस्तेमाल नहीं किया गया है।
पांधी ने एक आरटीआई प्रतिक्रिया का हवाला देते हुए दावा किया कि नरेंद्र मोदी सरकार ने स्वीकार किया कि भारत बायोटेक द्वारा निर्मित वैक्सीन में नवजात बछड़े का सीरम होता है। जिसकी उम्र 20 दिनों से भी कम होती है।

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गौरव पांधी द्वारा जारी की गई आरटीआई

देश में कोरोना से लड़ने के लिए एक मात्र कारगर उपाय वैक्सीन को माना गया हैं। इस समय भारत में आठ प्रकार के वैक्सीन मौजूद हैं। इनमें दो वैक्सीन भारत निर्मित हैं। वहीं बाकी वैक्सीन आयात किया गया हैं। भारत में बनीं दो वैक्सीन का नाम कोविशिल्ड और कोवैक्सीन हैं। कोविशिल्ड को सीरम इंस्टीट्यूट द्वारा तैयार किया गया हैं वहीं कोवैक्सीन को भारत बायोटेक द्वारा बनाया गया हैं, यह पूरी तरह स्वदेशी वैक्सीन हैं। वहीं वैक्सीन को लेकर इस समय देश में कई तरह भ्रामकताएं भी फैली हुई हैं।

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